
ट्रम्प ने कहा, “किसी ने कहा कि यह हमारी मिसाइल थी, लेकिन हो सकता है कि वह हमारी मिसाइल न हो। मैंने ऐसा कोई सबूत नहीं देखा, जिससे लगे कि यह हमला हमने किया था।”
हालांकि 10 दिन पहले ही ट्रम्प ने इस घटना को गलती बताया था और कहा था कि स्कूल को जानबूझकर निशाना नहीं बनाया गया। मार्च में आई रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि सेना की शुरुआती जांच में हमले के पीछे अमेरिकी फोर्सेस का रोल होने की आशंका जताई गई थी। हालांकि पेंटागन ने अब तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है और जांच जारी है।
ईरान के मुताबिक, 28 फरवरी को मिनाब के गर्ल्स स्कूल पर हुए हमले में 175 से ज्यादा बच्चों और शिक्षकों की मौत हुई थी। संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार कार्यालय (UNHRC) ने इस हमले को भयावह बताया था।
पिछले 24 घंटे के 5 बड़े अपडेट्स…
1. कच्चा तेल 70 डॉलर से नीचे आया: अमेरिकी कच्चे तेल (WTI) की कीमत 70 डॉलर प्रति बैरल से नीचे आ गई। ब्रेंट क्रूड भी गिरकर 73.50 डॉलर पर पहुंच गया, जिससे वैश्विक ऊर्जा बाजार को राहत मिली है।
2. तेल कंपनियों को ट्रम्प की धमकी: ट्रम्प ने अमेरिकी जस्टिस डिपार्टमेंट को तेल कंपनियों की जांच के निर्देश दिए। उनका आरोप है कि कच्चे तेल के दाम घटने के बावजूद कंपनियां ग्राहकों को राहत नहीं दे रहीं।
3. खामेनेई के अंतिम संस्कार के लिए मोदी को न्योता: ईरान के राष्ट्रपति मसूद पजशकियान ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को अयातुल्ला अली खामेनेई के राजकीय अंतिम संस्कार में शामिल होने का निमंत्रण भेजा है।
4. ट्रम्प ने तेल कंपनियों पर जांच बैठाई: ट्रम्प ने अमेरिकी न्याय विभाग को तेल कंपनियों की जांच के निर्देश दिए। उनका आरोप है कि कच्चे तेल के दाम घटने के बावजूद कंपनियां ग्राहकों को राहत नहीं दे रहीं।
5. ईरान-IAEA में परमाणु जांच पर मतभेद: IAEA का कहना है कि उसे ईरान के परमाणु ठिकानों की जांच का अधिकार मिलेगा, जबकि ईरान ने कहा है कि किसी भी निरीक्षण पर फैसला अंतिम समझौते और प्रतिबंध हटने के बाद होगा।